Monday, July 27, 2020

Introduction Of Indian Geography In Hindi : भारत का स्थान,विस्तार और सीमाएं (भारत का भूगोल)

हमारी मातृभूमि भारत, भौगोलिक और ऐतिहासिक रूप से एक महान देश है। यह प्राचीन काल से अपनी सांस्कृतिक और व्यावसायिक समृद्धि के लिए जाना जाता है। मूल द्रविड़ों के साथ आर्यों के एकीकरण के कारण कुलीन भारतीय संस्कृति का उदय हुआ। 8 वीं शताब्दी में अरबों और 12 वीं शताब्दी में तुर्की के बाद, यूरोपीय व्यापारी 15 वीं शताब्दी के अंत में यहां पहुंचे। भारत विविधता का देश है। भारत विशाल है और भौगोलिक विविधता की एक विस्तृत विविधता है। हम इसके प्रतिबिंब को विभिन्न प्राकृतिक संसाधनों के रूप में देख सकते हैं। भारत उत्तर में बर्फ से ढके हिमालय से लेकर दक्षिण में कन्याकुमारी तक फैला हुआ है। भारत में प्रचुर मात्रा में प्राकृतिक संसाधन हैं। जैसे  धूप, उपजाऊ मिट्टी, पानी, खनिज, वनस्पति, जीव-जंतु, आदि। इन सभी ने हमारी मातृभूमि की प्रगति में योगदान दिया है।
लगभग डेढ़ सदी से, भारत ब्रिटिश शासन के अधीन था। 1947 में भारत को स्वतंत्रता मिली। स्वतंत्रता के बाद के पहले बीस वर्षों में तीन युद्धों, दुनिया के कई हिस्सों में सूखे का सामना करने के बावजूद भारत दुनिया के प्रमुख विकासशील देशों में से एक है। भारत को आज एक प्रमुख वैश्विक अर्थव्यवस्था के रूप में भी जाना जाता है।  विभिन्न चरणों में आर्थिक सुधारों ने भारत के आर्थिक विकास को गति दी है। भारत में युवाओं की आबादी अधिक है। भारत को एक युवा देश के रूप में देखा जाता है, क्योंकि यह एक कार्य आयु वर्ग है और विश्व में किसी भी देश में इतने युवा पाए नहीं जाते।



स्थान, विस्तार और सीमा :

स्थान :

  • भारत गणराज्य की राजधानी का नाम - नई दिल्ली
  • भारत उत्तरी और पूर्वी गोलार्ध में पृथ्वी पर स्थित है।
  • यह एशियाई महाद्वीप के दक्षिणी भाग में स्थित है।
  • भारत का स्थान 8°4′ उ. से लेकर 37°6′ उ. अक्षांश और 68°7′ पू. से लेकर 97°25′ देशांतर के बीच हैं।
  • भारत का सबसे उत्तरतम बिंदु इंदिरा कॉल (37°6' उ. अक्षांश) है जो जम्मू-कश्मीर में आता है।
  • 'इंदिरा प्वाइंट'(6°45' उ. अक्षांश) भारत का सबसे दक्षिणी बिंदु है जो अंडमान निकोबार में आता है।
  • 2004 में जो सुनामी आई थी उसके बाद इंदिरा प्वाइंट जलमग्न हो चुका है।
  • बात करे भारत के पश्चिमी बिंदु की तो भारत का सबसे पश्चिमी बिंदु गुहार मोती (68°7' पू. देशांतर) है जो गुजरात में पडता है।
  • भारत का सबसे पूर्वी बिंदु है किबिथु ( 97°25' पू. देशांतर) जो अरुणाचल प्रदेश में पडता है।
  • इंदिरा पॉइंट की विषुवत रेखा से दूरी 876 किलोमीटर है।

विस्तार :

  • भारत का क्षेत्रफल 32,87,263 हैं जो कि विश्व के क्षेत्रफल का 2.4% हिस्सा हैं।



  • क्षेत्रफल के दृष्टी से पहले सात देश,                                              
         1.रुस
         2.कनाडा
         3.चीन
         4.अमेरिका
         5.ब्राझिल
         6.ऑस्ट्रेलिया 
         7.भारत
  • भारत की लोकसंख्या 2011 की जनगणना के अनुसार 121 करोड़ है जो विश्व के जनसंख्या का 17.5% हैं। जनसंख्या के मामले में भारत का विश्व में दूसरा स्थान है।
  • भारत का उत्तर से दक्षिण तक विस्तार 3214 किलोमीटर है और पूरब से पश्चिम तक विस्तार 2933 किलोमीटर हैं।
  • कर्क रेखा भारत के मध्य से गुजरती है और जब कर्क रेखा गुजरती है तो वह लगभग दो बराबर भागों में बांटती है। इससे भारत का दक्षिणी भाग उष्ण कटिबंध में आता है और उत्तरी भाग जो है वह शीतोष्ण कटिबंध में हैं।
  • कर्क रेखा भारत के 8 राज्यों से गुजरती है,जिनमें गुजरात, राजस्थान, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड, पश्चिम बंगाल, त्रिपुरा, मिजोरम आते हैं।

मानक याम्योत्तर :

मानक याम्योत्तर यानी इंडियान स्टैंडर्ड टाइम लाइन इलाहाबाद (UP) के मिर्जापुर से गुजरती हैं। देशांतर के नजरिए से देखे तो 82°5' पू. देशांतर से गुजरती हैं जो ग्रीनविच रेखा से 5 घंटे 30 मिनट आगे हैं।
भारत कि मानक याम्योत्तर रेखा उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, छत्तीसगड, उड़ीसा और आंध्र प्रदेश इन पांच राज्यों से गुजरती हैं।

मानक याम्योत्तर ग्रीनवीच रेखा से आगे क्यू है? 
पृथ्वी पर भारत की स्थिति उत्तर पूर्व है और हमें सबको पता है कि सूरज पूरब में उगता है और पश्चिम में ढलता है। यानी जो देश पूरब में स्थित होंगे वहां पर सूर्योदय पहले होगा और पश्चिम में स्थित देशों में सूर्यास्त बाद में होगा। तो भारत जीरो डिग्री देशांतर के पूरब में पड़ रहा हैं तो पूरब में स्थित होने के कारण भारत में सूर्योदय जीरो डिग्री से पहले हो जाएगा। यानी भारत का समय जीरो डिग्री के समय से आगे चलेगा या पहले चलेगा।

सीमाएं :

भारत की कुल स्थलीय सीमा 15200 किलोमीटर है और कुल तटीय सीमा है वह 7516.6 किलोमीटर है।

भारत की भू सीमाएं :
  • भारत कि आंतरराष्ट्रीय भूमी सीमा 7 देशों के साथ है। इसमें पाकिस्तान, अफगानिस्तान, चीन, नेपाल, म्यांमार और बांग्लादेश शामिल हैं।
  • भारत की सीमाएँ किस देश के साथ कितनी है वह निम्न में देखते हैं,
    1)बांग्लादेश- 4096.7 किलोमीटर
    2)चीन- 3888 किलोमीटर
    3)पाकिस्तान- 3323 किलोमीटर
    4)नेपाल- 1751 किलोमीटर
    5)म्यांमार - 1643 किलोमीटर
   6)भूटान- 699 किलोमीटर
   7)अफगानिस्तान- 106 किलोमीटर

  • भारत की सबसे बड़ी सीमा बांग्लादेश के साथ है, जो 4096.7 किलोमीटर की है।
  • सबसे कम सीमा अफगानिस्तान साथ लगती है जो 106 किलोमीटर है।
  • बांग्लादेश और त्रिपुरा के बीच जो सीमा है उसे को जीरो लाईन कहा जाता हैंं। 
  • भारत और चीन के बीच की सीमा को मैकमहोन लाईन कहा जाता हैं।
  • भारत और पाकिस्तान की बीच के सीमा को रेडक्लिफ लाइन कहा जाता हैं।
  • भारत और अफगानिस्तान के बीच की सीमा को डूरण्ड लाईन के नाम से जाना जाता हैं।

भारत की समुद्री सीमाएँ :
भारत के पश्चिम और दक्षिण पश्चिम में अरब सागर है। पूर्व और दक्षिण पूर्व में बंगाल की खाड़ी है। दक्षिण में हिंद महासागर है। कन्याकुमारी भारतीय प्रायद्वीप का दक्षिणी सिरा है। श्रीलंका और भारत के बीच मन्नार की खाड़ी और पाख की खाडी हैं। भारत की पाकिस्तान, श्रीलंका, मालदीव, इंडोनेशिया, बांग्लादेश और म्यांमार के साथ समुद्री सीमाएँ जुड़ी हुई हैं।

चैनल्स :

1)10° चैनल :

यह चैनल अंडमान और निकोबार को अलग-अलग करता है।

2) 9° चैनल :

यह चैनल लक्ष्यदीप और मिनिकॉय को अलग करता है। 

3) 8° चैनल :

यह चैनल मिनीकॉय और मालदीव के बीच हैं, लेकिन मिनीकॉय भारत कि ही भाग होने के कारण हम इसे भारत और मालदीव के बीच का चैनल ऐसे भी कह सकते हैं। 

4) ग्रेट चैनल :

यह चैनल निकोबार (भारत) और इंडोनेशिया का सूमात्रा द्वीप के बीच में स्थित हैं। 

5) कोको स्ट्रेट :

यह चैनल कोको द्वीप और उत्तरी अंडमान के बीच स्थित हैं। कोको द्वीप मुख्यतः म्यांमार का भाग है। इसलिए हम इसे भारत और अंडमान के बीच का भाग भी कह सकते हैं। 

6) डंकन पास :

यह चैनल दक्षिणी अंडमान और लघु अंडमान के बीच स्थित हैं।